- 1. A — चितवा डोंगरी शैलचित्र: बघेल व मिश्र ने उजागर किए।
- 2. B — धनोरा सर्वेक्षण: काम्बले और मिश्र।
- 3. C — धनोरा से 500 महापाषाण स्मारक मिले।
- 4. D — कबरा पहाड़ (रायगढ़) = मध्य पाषाण।
- 5. A — पूर्व पाषाण: महानदी घाटी, सिंघनपुर।
- 6. B — करकाभाटा लौह युग से जुड़ा है।
- 7. C — करकाभाटा: घेरे + लोहे के औज़ार + मृदभांड।
- 8. D — उत्तर वैदिक साहित्य: नर्मदा=रेवा; कौषीतकी में विंध्य।
- 9. A — कौशल्या भानुमंत की पुत्री थीं।
- 10. B — तुरतुरिया (सिरपुर के पास) वाल्मीकि आश्रम।
- 11. C — लव: उत्तर कोसल; कुश: दक्षिण कोसल।
- 12. D — बस्तर का अरण्य = कांतार।
- 13. A — सिरपुर = चित्रांगदपुर।
- 14. B — मणिपुर = रतनपुर।
- 15. C — अंगुत्तर निकाय (बौद्ध) + भगवती सूत्र (जैन)।
- 16. D — अवदान शतक + ह्वेनसांग का सी-यू-की।
- 17. A — सीताबेंगरा और जोगीमारा: रामगढ़, सरगुजा।
- 18. B — बालपुर से सातवाहन अपीलक की मुद्रा मिली।
- 19. C — अपीलक की मुद्रा: बालपुर।
- 20. D — नागार्जुन के लिए पर्वत पर सुरंग खुदवाकर संघाराम।
- 21. A — राजचिह्न गजलक्ष्मी।
- 22. B — आरंग ताम्रपत्र: भीमसेन द्वितीय।
- 23. C — अंत पांडु वंश द्वारा।
- 24. D — पुष्करी = भोपालपट्टनम।
- 25. A — समुद्रगुप्त ने व्याघ्रराज को हराया।
- 26. C — 29 स्वर्ण मुद्राएँ।
- 27. D — राजिम शिलालेख: विलासतुंग।
- 28. A — राजीव लोचन मंदिर: विलासतुंग, 712 ई.
- 29. B — कुल पाँच अभिलेख।
- 30. C — नंदिवर्धन जीतने वाला भवदत्त था; अर्थपति पृथ्वीसेन द्वितीय से हारा।
- 31. D — स्कंदवर्मन ने पुनर्स्थापना की।
- 32. A — नरेंद्रसेन की राजधानी नंदिवर्धन (नागपुर)।
- 33. B — कीर्तिवर्मन का आक्रमण 567-97।
- 34. C — राजधानी शरभपुर, उपराजधानी श्रीपुर।
- 35. D — शरभ संस्थापक; प्रवरराज अंतिम।
- 36. A — अन्य नाम आमरार्य या अमरज कुल।
- 37. B — उदयन प्रथम राजा।
- 38. C — महाशिव तीवरदेव: सकल कोसलाधिपति।
- 39. B — जाज्वल्यदेव प्रथम: 1090-1120।
- 40. C — 1020, 1045, 1065, 1090 से क्रम।
- 41. D — रत्नदेव तृतीय: 1178-98।
- 42. A — जगतदेव: 1168-78।
- 43. C — अंतिम: हरिश्चंद्रदेव।
- 44. D — 1023-1324 ई.
- 45. A — अहिराज संस्थापक।
- 46. B — भोरमदेव मंदिर: गोपालदेव।
- 47. C — मड़वा महल: रामचंद्र, 1349।
- 48. D — अंबिकादेवी, कलचुरी राजकुमारी।
- 49. A — कलचुरी अधीनता।
- 50. B — अन्नमदेव 1324-69।
- 51. C — प्रफुल्ल कुमारी देवी 1921-36।
- 52. D — प्रवीरचंद्र 1936-61।
- 53. A — रुद्रप्रताप: 1891-1921।
- 54. B — 1680, 1709, 1731/21, 1777 से क्रम।
- 55. C — भैरमदेव 1853-91।
- 56. A — पुरुषोत्तमदेव 1468-1534।
- 57. B — भैरमदेव ब्रिटिश अधीन थे।
- 58. C — सिंहराज संस्थापक।
- 59. D — चंद्रसेन अंतिम।
- 60. A — कर्णराज: सिहावा शिव मंदिर + कांकेर रामनाथ मंदिर।
- 61. B — पम्पराज के पिता सोमदेव, दादा वोपदेव।
- 62. C — भानुदेव: 1320; कर्णराज 1191; पम्पराज 1214।
- 63. D — जैतराज ने शाखाएँ मिलाईं।
- 64. A — कलचुरी अधीन।
- 65. B — 20-21 दिसंबर 1920, कंडेल।
- 66. C — 22-28 नवंबर 1933।
- 67. D — तिलक 1917।
- 68. A — वी. वी. गिरी 1920।
- 69. B — 1915, 1917, 1918, 1920।
- 70. C — पटेल 1947।
- 71. D — टैगोर 1918 में आए।
- 72. B — डोंगरगढ़ = कामावतीपुरी।
- 73. C — बारसूर।
- 74. D — खल्लारी = खल्लवाटिका।
- 75. A — आरंग = भांडेर।
- 76. B — धमतरी = धरमतराई।
- 77. C — मल्हार।
- 78. D — दुर्ग = शिवदुर्ग।
- 79. A — चंपारण्य = चम्पाझार।
- 80. B — कृष्णाराव अप्पा प्रथम।
- 81. C — गोपालराव अंतिम।
- 82. D — रघुजी तृतीय ने जिलेदार नियुक्त किए।
- 83. A — सूबा शासन 1787-1818।
- 84. B — महिपतराव दिनकर 1787-90।
- 85. D — केशव गोविंद 1797-1808।
- 86. A — यादवराव 1817-18।
- 87. B — ब्लंट: विट्ठल दिनकर।
- 88. C — कोलब्रुक: केशव गोविंद।
- 89. D — सखाराम हरि, 1817।
- 90. A — पिड्री 1808-09।
- 91. B — हल्बा 1774-79, अजमेर सिंह।
- 92. C — गेंदसिंह, 1824।
- 93. A — लिंगागिरि 1856।
- 94. B — नरबलि; नेता हिड़मा माझी।
- 95. C — नेता दलगंजन सिंह।
- 96. D — नेता नागुल दोरला।
- 97. A — नेता झाड़ा सिरहा; दमन मैक जॉर्ज।
- 98. B — धावड़ा टहनी; दमन: कैप्टन पेबे।
- 99. C — नेतानार के गुंडाधुर।
- 100. D — गेयर।
- 101. A — नेतृत्व जुगराज कुँवर।
- 102. B — 1824, 1842, 1856, 1876।
- 103. C — ब्लंट।
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