छत्तीसगढ़ के खनिज: प्रकार, राजस्व, उत्पादन और भंडार
छत्तीसगढ़ खनिज संपदा से भरपूर राज्य है। यह अध्याय बताता है कि राज्य में कितने प्रकार के खनिज मिले हैं, उनसे सरकार को कितनी आय होती है, अलग-अलग वर्षों में उत्पादन कैसे बदला और देश के भंडार में राज्य का हिस्सा कितना है। CGPSC, व्यापम और पटवारी परीक्षाओं में आँकड़ों की तुलना, क्रम (रैंक) और प्रतिशत के प्रश्न बार-बार आते हैं।
खनिजों की संख्या और वर्ग
- राज्य से अब तक कुल 28 प्रकार के खनिजों के प्रमाण मिले हैं।
- इनमें से 21 प्रकार के खनिजों का खनन किया जा रहा है।
- खनिज दो वर्गों में बाँटे गए हैं: मुख्य खनिज और गौण खनिज।
- चूना पत्थर को दोनों वर्गों में गिना गया है: उच्च श्रेणी मुख्य खनिज में और निम्न श्रेणी गौण खनिज में।
मुख्य खनिजों की सूची (12)
| क्र. | खनिज |
|---|---|
| 1 | कोयला |
| 2 | लौह अयस्क |
| 3 | बॉक्साइट |
| 4 | टिन |
| 5 | ग्रेफाइट |
| 6 | अलेक्जेंड्राइट |
| 7 | हीरा |
| 8 | बेलेडियम (मूल पाठ में इसी रूप में छपा) |
| 9 | रनर मोल्डिंग सैंड |
| 10 | गारनेट |
| 11 | मोल्डिंग सैंड |
| 12 | चूना पत्थर (उच्च श्रेणी) |
गौण खनिजों की सूची (15)
| क्र. | खनिज |
|---|---|
| 1 | ग्रेनाइट |
| 2 | फर्शी पत्थर |
| 3 | सोपस्टोन |
| 4 | मिट्टी |
| 5 | मुरूम |
| 6 | रेत |
| 7 | डोलोमाइट |
| 8 | क्वार्ट्ज |
| 9 | क्वार्टजाइट |
| 10 | फायरक्ले |
| 11 | कोरंडम |
| 12 | पत्थर |
| 13 | व्हाइट क्ले |
| 14 | चाइना क्ले |
| 15 | चूना पत्थर (निम्न श्रेणी) |
देश और राज्य में योगदान
- भारत संघ के कुल खनिज मूल्य में छत्तीसगढ़ का योगदान 15.07 प्रतिशत (2022-23)।
- राज्य के कुल राजस्व में खनिज राजस्व का योगदान 27 प्रतिशत।
खनिज राजस्व का बँटवारा (2022-23)
| आधार | हिस्सा |
|---|---|
| मुख्य खनिज | 97% |
| गौण खनिज | 3% |
| कोयला | 37.71% |
| लौह अयस्क | 29.51% |
| चूना पत्थर | 5.31% (मूल पाठ की दूसरी जगह 5.30% भी लिखा है) |
| अन्य | 27.48% |
क्रम: कोयला (37.71%) > लौह अयस्क (29.51%) > चूना पत्थर (5.30%) > डोलोमाइट।
खनिज राजस्व आय, 2022-23
वित्तीय वर्ष 2022-23 में खनिजों से कुल आय 12941.32 करोड़ रुपये बताई गई है, जिसमें मुख्य खनिज का हिस्सा 8279.64 करोड़ और गौण खनिज का 246.72 करोड़ रुपये है।
| मद | राशि (लाख रु.) |
|---|---|
| मुख्य खनिज | 827964.84 |
| गौण खनिज | 24672.03 |
| गौण खनिज रेत से प्राप्तियाँ | 1530.26 |
| अर्थदंड एवं राजसात से प्राप्तियाँ | 3445.96 |
| विविध प्राप्तियाँ | 3187.89 |
| नीलामी से प्राप्त राशि | 60884.9 |
| कुल योग (मूल पाठ में) | 1294132.9 |
मूल पाठ में विसंगति: ऊपर की छह मदों का जोड़ लगभग 9,21,686 लाख रु. बनता है, जबकि मूल पाठ ने कुल 1294132.9 लाख रु. छापा है। इसलिए कुल योग के लिए मूल पाठ का छपा आँकड़ा ही याद रखें, पर यह अंतर ध्यान में रखें।
वर्षवार खनिज राजस्व (लाख रु.)
| वर्ष | मुख्य खनिज | गौण खनिज | कुल खनिज राजस्व |
|---|---|---|---|
| 2018-19 | 492595.09 | 30086.14 | 611023.54 |
| 2019-20 | 452437.66 | 19479.95 | 619572.6 |
| 2020-21 | 467608.35 | 26095.41 | 551701.46 |
| 2021-22 | 732035.44 | 25285.63 | 1230538.6 |
| 2022-23 | 827964.84 | 24672.03 | 1294132.9 |
मुख्य खनिज का राजस्व 2019-20 और 2020-21 में 2018-19 से कम रहा, फिर 2021-22 में तेज़ी से बढ़ा। गौण खनिज का राजस्व 2018-19 में सबसे अधिक (30086.14) था।
मुख्य खनिजों का वर्षवार उत्पादन (हज़ार टन)
| खनिज | 2017-18 | 2018-19 | 2019-20 | 2020-21 | 2021-22 | 2022-23 |
|---|---|---|---|---|---|---|
| कोयला | 142514 | 161893 | 157064 | 158409 | 154120 | 184630 |
| चूना पत्थर | 35154 | 42411 | 42699 | 40378 | 41888 | 44733 |
| लौह अयस्क | 34856 | 34945 | 34724 | 36989 | 41313 | 42549 |
| बॉक्साइट | 1901 | 1532 | 1566 | 715 | 968 | 1056 |
| टिन (कि.ग्रा.) | 16757 | 21211 | 15546 | 16865 | 26383 | 45429 |
- हर खनिज के उत्पादन की प्रवृत्ति उतार-चढ़ाव वाली है।
- कोयले का उत्पादन 2019-20 और 2021-22 में पिछले वर्ष से घटा।
- लौह अयस्क का उत्पादन 2019-20 में पिछले वर्ष से घटा दिखता है (34945 से 34724), जबकि मूल पाठ का कथन इसके उलट (बढ़ा) है; यह मूल पाठ की आंतरिक असंगति है।
- प्रशासकीय प्रतिवेदन 2023-24 के अनुसार कोयला 173092 हज़ार टन, लौह अयस्क 44105 हज़ार टन, चूना पत्थर 41762 हज़ार टन, बॉक्साइट 871 हज़ार टन और टिन 44898 कि.ग्रा.
खनन क्षेत्र की राज्य घरेलू उत्पाद में भागीदारी (स्थिर भाव 2011-12)
| विवरण | 2018-19 | 2019-20 | 2020-21 | 2021-22 | 2022-23 | 2023-24 |
|---|---|---|---|---|---|---|
| योगदान (लाख रु.) | 2536999 | 2481577 | 2550559 | 2659792 | 2963060 | 3180704 |
| वृद्धि (%) | 7.96 | -2.18 | 2.78 | 4.28 | 11.40 | 7.35 |
| योगदान (%) | 11.38 | 10.54 | 10.72 | 10.00 | 10.37 | 10.52 |
- 2019-20 में वृद्धि दर ऋणात्मक (-2.18) रही।
- सर्वाधिक वृद्धि 2022-23 में 11.40 प्रतिशत रही।
- सर्वाधिक हिस्सा 2018-19 में 11.38 प्रतिशत रहा।
- 2023-24 में योगदान 10.52% और वृद्धि 7.35% है; भागीदारी की प्रवृत्ति उतार-चढ़ाव वाली है।
कुल खनिज उत्पादन का मूल्य (करोड़ रु.)
| वर्ष | छत्तीसगढ़ | भारत | योगदान % |
|---|---|---|---|
| 2013-14 | 19566 | 225660 | 8.7 |
| 2014-15 | 19416 | 236554 | 8.2 |
| 2015-16 | 19213 | 234171 | 8.2 |
| 2016-17 | 22743 | 237730 | 9.6 |
| 2017-18 | 9184 | 58638 | 15.66 |
| 2018-19 | 11076 | 73257 | 15.12 |
| 2019-20 | 11125.16 | 74965 | 14.31 |
| 2020-21 | 14441 | 78451 | 17.60 |
| 2021-22 | 23023 | 132748 | 17.34 |
| 2022-23 | 14046 | 93205 | 15.07 |
2020-21 में योगदान सर्वाधिक 17.60% रहा। ध्यान दें कि 2017-18 से आँकड़ों का आधार बदलता दिखता है (कुल मूल्य अचानक घटा), इसलिए 2016-17 और 2017-18 की सीधी तुलना नहीं करनी चाहिए। स्रोत: भारतीय खान ब्यूरो।
प्रमुख खनिजों का भंडार
| खनिज | इकाई | देश में कुल भंडार | छ.ग. में भंडार | देश में छ.ग. का % |
|---|---|---|---|---|
| कोयला | मिलियन टन | 352126 | 73424 | 20.85 |
| चूना पत्थर (सभी श्रेणी) | मिलियन टन | 227589 | 11379 | 4.99 |
| लौह अयस्क | मिलियन टन | 24057 | 4592 | 19.09 |
| डोलोमाइट | मिलियन टन | 8415 | 926 | 11.00 |
| बॉक्साइट | मिलियन टन | 4958 | 992 | 20 |
| टिन अयस्क | मिलियन टन | 83.72 | 30 | 35.83 |
| हीरा | मिलियन कैरेट | 31.72 | 1.3 | 4.09 |
| स्वर्ण | टन | 518.23 | 5.0 | 0.96 |
स्रोत: विभागीय प्रशासकीय प्रतिवेदन 2023-24। (टिन की मात्रा मूल पाठ में इसी रूप में छपी है।) राज्य में भंडार और उत्पादन दोनों का क्रम: कोयला > चूना पत्थर > लौह अयस्क > बॉक्साइट > टिन।
अखिल भारतीय स्तर पर राज्य का योगदान (2021-22 तालिका)
| खनिज | उत्पादन % | मूल्य % | भंडार % |
|---|---|---|---|
| कोयला | 19.76 | - | 20.85 |
| लौह अयस्क | 15.90 | 21.10 | 19.09 |
| चूना पत्थर | 11.08 | 11.69 | 4.99 |
| बॉक्साइट | 4.43 | 4.37 | 20 |
| टिन | 100 | 100 | 35.83 |
वर्ष-लेबल पर ध्यान: मूल पाठ की दो तालिकाएँ उत्पादन के समान आँकड़ों (कोयला 184630 आदि) को कहीं 2021-22 और कहीं 2022-23 का बताती हैं। वर्ष-वार तालिका में ये 2022-23 के स्तंभ में हैं, और विस्तृत खनिज-तालिका भी 2022-23 कहती है।
अखिल भारतीय स्तर पर भंडार और उत्पादन का विवरण
| खनिज | भंडार (मि. टन) | भंडार % | भंडार में स्थान | उत्पादन 2022-23 (हज़ार टन) | उत्पादन % | उत्पादन में स्थान | उत्पादक जिले | भंडार वाले जिले | भारत के खनिज मूल्य में योगदान % |
|---|---|---|---|---|---|---|---|---|---|
| कोयला | 73424 | 20.85 | 3 | 184630 | 19.76 | 2 | कोरबा, रायगढ़, कोरिया | रायगढ़, कोरबा, सूरजपुर | - |
| लौह अयस्क | 4592 | 19.09 | 3 | 42549 | 15.90 | 2 | दंतेवाड़ा, कांकेर, बालोद | दंतेवाड़ा, कांकेर, कवर्धा | 21.10 |
| चूना पत्थर | 11379 | 4.99 | 5 | 44733 | 11.08 | 4 | बलौदाबाजार, जांजगीर, रायपुर | बलौदाबाजार, जांजगीर, रायपुर | 11.69 |
| बॉक्साइट | 992 | 20 | 4 | 1056 | 4.43 | 4 | सरगुजा, बलरामपुर, कवर्धा | बलरामपुर, सरगुजा, कवर्धा | 4.37 |
| टिन | 30 | 35.83 | 2 | 45429 कि.ग्रा. | 100 | 1 | दंतेवाड़ा एवं सुकमा | दंतेवाड़ा एवं सुकमा | 100 |
| डोलोमाइट | 926 | 11.00 | 3 | - | - | - | बिलासपुर, सक्ती | बिलासपुर | - |
स्रोत: मिनरल ईयर बुक 2021, आर्थिक सर्वेक्षण 2023-24। राज्य का उत्पादन क्रम: प्रथम - टिन, डोलोमाइट, अलेक्जेंड्राइट; द्वितीय - लौह अयस्क, कोयला; चतुर्थ - बॉक्साइट, चूना पत्थर।
तुलना एवं संबंध
| खनिज | भंडार में देश में स्थान | उत्पादन में देश में स्थान |
|---|---|---|
| कोयला | तीसरा | दूसरा |
| लौह अयस्क | तीसरा | दूसरा |
| चूना पत्थर | पाँचवाँ | चौथा |
| बॉक्साइट | चौथा | चौथा |
| टिन | दूसरा | पहला |
जिलों का खनिज राजस्व क्रम: मुख्य खनिज - दंतेवाड़ा, कोरबा, बालोद; गौण खनिज - रायपुर, जांजगीर-चांपा, बिलासपुर; कुल खनिज - दंतेवाड़ा, कोरबा, बालोद।
याद रखने योग्य बिंदु
- कुल 28 खनिज मिले, 21 का खनन।
- मुख्य खनिज 12, गौण 15; चूना पत्थर दोनों में।
- देश के खनिज मूल्य में 15.07% (2022-23); राज्य राजस्व में 27%।
- खनिज राजस्व: कोयला 37.71 > लौह 29.51 > चूना 5.30 > डोलोमाइट।
- 2022-23 की कुल खनिज आय 12941.32 करोड़ रु.।
- 2020-21 में देश के उत्पादन मूल्य में योगदान सर्वाधिक 17.60%।
- खनन क्षेत्र का GSDP में सर्वाधिक हिस्सा 2018-19 (11.38%); सर्वाधिक वृद्धि 2022-23 (11.40%)।
- 2019-20 में खनन क्षेत्र की वृद्धि ऋणात्मक (-2.18%)।
- टिन में उत्पादन 100% और भंडार 35.83% छ.ग. का है।
- भंडार व उत्पादन क्रम: कोयला, चूना पत्थर, लौह, बॉक्साइट, टिन।
- सर्वाधिक खनिज राजस्व देने वाला जिला दंतेवाड़ा है।
स्मरण सूत्र
"को-चू-लौ-बॉ-टि" = कोयला, चूना, लौह, बॉक्साइट, टिन (भंडार/उत्पादन का घटता क्रम)। "दंतेवाड़ा-कोरबा-बालोद" = खनिज राजस्व के शीर्ष तीन जिले।
स्वयं जाँचें
- प्र. राज्य में कुल कितने प्रकार के खनिज मिले हैं? उ. 28, जिनमें 21 का खनन होता है।
- प्र. खनिज राजस्व में सबसे बड़ा हिस्सा किसका है? उ. कोयला, 37.71%।
- प्र. किस खनिज में राज्य का उत्पादन देश में 100% है? उ. टिन।
- प्र. 2019-20 में खनन क्षेत्र की वृद्धि दर कितनी रही? उ. -2.18%।
- प्र. किस वर्ष देश के खनिज उत्पादन मूल्य में राज्य का हिस्सा सर्वाधिक रहा? उ. 2020-21, 17.60%।
- प्र. दोनों वर्गों में शामिल खनिज कौन सा है? उ. चूना पत्थर।