प्रमुख बाँध, परियोजनाएँ एवं एनीकट (1): सूची और सिंचाई स्थिति
राज्य में बाँध और परियोजनाओं का इतिहास वर्षानुसार तालिका में दिया गया है। 'पहला' वाले तथ्य (पहला बाँध, पहली जल विद्युत परियोजना, सबसे लंबा बाँध) परीक्षा में बार-बार पूछे जाते हैं।
वर्षानुसार बाँध सारणी
| वर्ष | बाँध | जिला | नदी | विशेष |
|---|---|---|---|---|
| 1909 | पेण्ड्रावन बाँध | रायपुर | कोल्हाननाला | राज्य की प्रथम लघु परियोजना |
| 1912 | रूद्रीबैराज | धमतरी | महानदी | प्रदेश की प्रथम जल विद्युत परियोजना |
| 1913 | तांदूला परियोजना | बालोद | तांदूला | प्रदेश की प्रथम परियोजना |
| 1920-31 | खुंटाघाट बाँध | बिलासपुर | खारंग | - |
| 1923 | माडुम सिल्ली जलाशय | धमतरी | सिलियारी | एशिया का प्रथम सायफन बाँध |
| 1924-30 | मनियारी बाँध | मुंगेली | मनियारी | - |
| 1956 | गोंदली जलाशय | बालोद | जुआरी | - |
| 1962-65 | दुधवा जलाशय | कांकेर | महानदी | स्वतंत्रता के पश्चात छ.ग. में निर्मित प्रथम बाँध |
| 1967 | हसदेव बांगो बाँध | कोरबा | हसदेव | राज्य की प्रथम बहुउद्देशीय परियोजना |
| 1967 | खरखरा बाँध | बालोद | खरखरा | राज्य का प्रथम मिट्टी निर्मित बाँध |
| 1967 | घुघवा बाँध | रायपुर | - | - |
| 1972-95 | पैरी परियोजना | गरियाबंद | पैरी | 7 मे. वॉ. जल विद्युत उत्पादन |
| 1975-95 | जोंक व्यपवर्तन | बलौदाबाजार | जोंक | - |
| 1976-95 | कोडार बाँध | महासमुंद | कोडार | - |
| 1978-79 | गंगरेल बाँध | धमतरी | महानदी | छ.ग. का सबसे लम्बा बाँध |
| 1978 | घोंघा बाँध | बिलासपुर | घोंघा | - |
| 1979 | सोंदूर परियोजना | धमतरी | सोंदूर | सीता नदी अभ्यारण में स्थित |
| 1980 | चाकेर बाँध | कवर्धा | - | - |
| 1981 | परलकोट बाँध | कांकेर | कोटरी | - |
| 2009-20 | केलो बाँध | रायगढ़ | केलो | रायगढ़ नगर निगम को पेय जल |
| 2012 | कोसारटेडा बाँध | बस्तर | कोसारटेडा | जगदलपुर नगर निगम को पेय जल |
ध्यान दें: रूद्रीबैराज पर तालिका 1912 देती है; आगे के पृष्ठ में इसे 1912-15 में निर्मित बताया गया है (नहर 1912 में)। तांदूला भी तालिका में 1913 और परियोजना-पृष्ठ में 1910-13 (कार्य 1910 में आरंभ) दिया है। घुघवा बाँध और चाकेर बाँध की नदी तालिका में नहीं है।
सिंचाई परियोजनाओं की स्थिति
| परियोजना | आधार | 2000 (राज्य गठन) | मार्च 2023 तक |
|---|---|---|---|
| वृहद | 10,000 हे. से अधिक | 03 | 08 (04 निर्माणाधीन) |
| मध्यम | 2000 से 10,000 हे. | 29 | 38 (00 निर्माणाधीन) |
| लघु | 2000 हे. से कम | 1945 | 2477 (365 निर्माणाधीन) |
| स्टापडेम/एनीकट | - | - | 827 (247 निर्माणाधीन) |
| नलकूप योजना | - | - | 30 (01 निर्माणाधीन) |
वृहद परियोजनाएँ (8)
| क्र. | परियोजना | जिला |
|---|---|---|
| 1 | तांदुला | बालोद |
| 2 | खारंग जलाशय/संजय गांधी | बिलासपुर |
| 3 | मनियारी जलाशय/राजीव गांधी | मुंगेली |
| 4 | मिनीमाता हसदेव बांगो | कोरबा |
| 5 | सिकासार | गरियाबंद |
| 6 | जोंक व्यपवर्तन | महासमुंद (यहाँ सूची में) |
| 7 | शहीद वीरनारायण सिंह/कोडार | महासमुंद |
| 8 | महानदी | धमतरी |
मूल पाठ की अन्य तालिका में जोंक व्यपवर्तन का स्थान अर्जुनी (बलौदाबाजार) बताया गया है, जबकि इस सूची में जिला महासमुंद है; यह विसंगति है।
निर्माणाधीन वृहद परियोजनाएँ (4)
| क्र. | परियोजना | जिला |
|---|---|---|
| 1 | सोंदूर जलाशय | धमतरी |
| 2 | अरपा भैंसाझार | बिलासपुर |
| 3 | केलो | रायगढ़ |
| 4 | राजीव समोदा (निसदा) व्यपवर्तन | रायपुर |
कुछ बाँध परियोजनाओं के उपनाम
| बाँध | उपनाम |
|---|---|
| केलो, रायगढ़ | स्व. दिलीप सिंह जूदेव |
| खुड़िया, मुंगेली | राजीव गांधी परियोजना |
| खूँटाघाट, बिलासपुर | संजय गांधी परियोजना |
| कोडार, महासमुंद | शहीद वीरनारायण सिंह |
| गंगरेल, धमतरी | रविशंकर जलाशय |
| हसदेव बांगो, कोरबा | मिनीमाता परियोजना |
| माडुमसिल्ली, धमतरी | बाबू छोटेलाल श्रीवास्तव |
| पेण्ड्रावन, रायपुर | पं. लखनलाल मिश्र |
| रूद्री पिकव्यिर, धमतरी | डॉ. खूबचंद बघेल |
तुलना एवं संबंध
| वर्ष 2000 | मार्च 2023 |
|---|---|
| वृहद 3 | वृहद 8 |
| मध्यम 29 | मध्यम 38 |
| लघु 1945 | लघु 2477 |
याद रखने योग्य बिंदु
- पेण्ड्रावन (1909) राज्य की प्रथम लघु परियोजना।
- रूद्रीबैराज (धमतरी) महानदी पर, प्रथम जलविद्युत परियोजना।
- तांदूला (बालोद) प्रदेश की प्रथम परियोजना।
- माडुमसिल्ली एशिया का प्रथम सायफन बाँध।
- दुधवा स्वतंत्रता के बाद निर्मित प्रथम बाँध।
- हसदेव बांगो प्रथम बहुउद्देशीय परियोजना।
- खरखरा प्रथम मिट्टी निर्मित बाँध।
- गंगरेल सबसे लम्बा बाँध।
- वृहद परियोजना = 10,000 हे. से अधिक क्षेत्र।
- मार्च 2023 तक वृहद परियोजनाएँ 8, निर्माणाधीन 4 अतिरिक्त।
स्मरण सूत्र
सूत्र: 'पेण्ड्रावन-रूद्री-तांदूला' = 1909, 12, 13 का क्रम।
स्वयं जाँचें
- प्र. प्रथम लघु परियोजना? उ. पेण्ड्रावन, 1909।
- प्र. सबसे लम्बा बाँध? उ. गंगरेल।
- प्र. प्रथम बहुउद्देशीय परियोजना? उ. हसदेव बांगो।
- प्र. मध्यम परियोजना का आधार? उ. 2000 से 10,000 हे.।
- प्र. गंगरेल का उपनाम? उ. रविशंकर जलाशय।
- प्र. सायफन बाँध कौन-सा? उ. माडुमसिल्ली।
अभ्यास प्रश्न
छत्तीसगढ़ का प्रथम बहुउद्देशीय परियोजना निम्नलिखित में से कौन-सी है?
- (A) पं. रविशंकर जलाशय परियोजना
- (B) महानदी जलाशय परियोजना
- (C) केलो वृहद परियोजना
- (D) मिनीमाता परियोजना
गंगरेल बाँध किस परियोजना से सबन्धित है?
- (A) रविशंकर सागर परियोजना
- (B) दुधवा परियोजना
- (C) अरपा परियोजना
- (D) कोडार परियोजना
मिनीमाता बांगो बहुउद्देशीय परियोजना किस नदी पर है
- (A) हसदेव
- (B) महानदी
- (C) शिवनाथ
- (D) केलो
राजीव गांधी परियोजना के तहत मनियारी नदी पर कहां बाँध बनाया गया है?
- (A) खुड़िया
- (B) खूटाघाट
- (C) अर्जुनी
- (D) कौंवाझर
सिंचाई की “कोडार परियोजना” छत्तीसगढ़ के किस जिले में हैं ?
- (A) बिलासपुर
- (B) गरियाबंद
- (C) महासमुंद
- (D) रायगढ़
छत्तीसगढ़ का प्रसिद्ध मिनीमाता बाँध किस नदी पर अवस्थितहै?
- (A) इंद्रावती
- (B) शिवनाथ
- (C) हसदेव
- (D) पैरी
खूँटाघाट बाँध किस किस जिला में स्थित है
- (A) बिलासपुर
- (B) रायपुर
- (C) दुर्ग
- (D) कोरबा
केलो परियोजना स्थित है
- (A) दुर्ग में
- (B) बिलासपुर में
- (C) रायगढ़ में
- (D) रायपुर में
इंजीनियरिंग का अद्भुत नमूना मॉडमसिल्ली बाँध कहाँ है?
- (A) धमतरी
- (B) कोरबा
- (C) जशपुर
- (D) जगदलपुर
छत्तीसगढ़ के किस जिले में गंगरेल बाँध बनाया गया ?
- (A) धमतरी
- (B) गरियाबन्द
- (C) बिलासपुर
- (D) जांजगीर चाम्पा
उत्तरमाला एवं व्याख्या
- (D) - हसदेव बांगो (मिनीमाता) राज्य की प्रथम बहुउद्देशीय परियोजना है।
- (A) - गंगरेल का उपनाम रविशंकर जलाशय है।
- (A) - हसदेव बांगो (मिनीमाता) परियोजना हसदेव नदी पर है।
- (A) - खुड़िया (मुंगेली) राजीव गांधी/मनियारी परियोजना का बाँध है।
- (C) - कोडार परियोजना महासमुंद जिले में है।
- (C) - मिनीमाता (हसदेव बांगो) हसदेव नदी पर है।
- (A) - खूँटाघाट (संजय गांधी परियोजना) बिलासपुर में है।
- (C) - केलो परियोजना रायगढ़ जिले में है।
- (A) - माडुमसिल्ली बाँध धमतरी जिले में है।
- (A) - गंगरेल बाँध धमतरी जिले में है।