छत्तीसगढ़ की जलवायु एवं ऋतुएँ
जलवायु किसी बड़े क्षेत्र के लंबे समय के औसत मौसम को कहते हैं। तापमान, वायुदाब और आर्द्रता इसके मुख्य घटक हैं। छत्तीसगढ़ की जलवायु मानसूनी है और इसी से खेती, नदियों और वन की तस्वीर बनती है। पूर्व-परीक्षाओं में ऋतु-अवधि, सर्वाधिक गर्म/ठंडे स्थान और वर्षा-आँकड़े बार-बार पूछे जाते हैं।
परिभाषा
- जलवायु किसी बड़े भौगोलिक प्रदेश का औसत मौसम है जो लंबे समय तक बना रहता है।
- जलवायु के अध्ययन को जलवायु विज्ञान कहते हैं।
- 'मौसिम' शब्द अरबी भाषा का है, जिसका अर्थ ऋतुओं की दिशा में परिवर्तन बताया गया है।
जलवायु को प्रभावित करने वाले कारक
| बायीं सूची | दायीं सूची |
|---|---|
| समुद्र सतह से ऊँचाई एवं निकटता (500 मी. का उल्लेख) | महासागरीय धाराएँ |
| जलखंड और स्थलखंड में चलने वाली हवाएँ | चक्रवात एवं प्रतिचक्रवात |
| अक्षांशीय विस्तार | सापेक्षिक स्थिति |
| कर्क रेखा एवं भूमध्य रेखा से दूरी | वायुदाब एवं हवाओं की दिशा |
| पर्वत श्रेणी, मिट्टी एवं वनस्पति | विकिरण की मात्रा एवं तापमान |
| प्रदेश में उच्चावच (पर्वत-पठार) | संघनन एवं वाष्पीकरण |
| वायुमंडलीय दाब एवं आर्द्रता | सापेक्षिक एवं विशिष्ट आर्द्रता |
जलवायवीय विशेषताएँ
- जलवायु मानसूनी है, यानी वर्षा मुख्यतः मानसून पर निर्भर है।
- कोपेन के वर्गीकरण के अनुसार दक्षिणी छत्तीसगढ़ उष्णकटिबंधीय नम पर्णपाती जलवायु क्षेत्र में आता है।
- यहाँ उष्णकटिबंधीय मानसूनी जलवायु है (मकर और कर्क रेखा के बीच की जलवायु उष्ण-कटिबंधीय कही जाती है)।
- औसत वार्षिक वर्षा 1300-1325 मिमी बताई गई है, साथ में कोष्ठक में 'औसत = 1200 मिमी या 129 सेमी' भी लिखा है।
- भू-आवेष्ठित (समुद्र से दूर) राज्य होने से जलवायु महाद्वीपीय प्रकार की है।
- कर्क रेखा से निकटता के कारण जलवायु गर्म और आर्द्र है, जिसे शुष्क उपार्द्र कहा गया है; भू-आवेष्ठित होने से उपार्द्र महाद्वीपीय जलवायु का फैलाव माना गया है।
- वर्ष 2017 में अधिकतम तापमान बिलासपुर में दर्ज बताया गया है।
- चार ज़िले (मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर, कोरिया, सूरजपुर, बलरामपुर) शीतोष्ण कटिबंधीय क्षेत्र में शामिल बताए गए हैं (नक्शे में कर्क रेखा के ऊपर का उत्तरी भाग)।
ध्यान दें: मूल पाठ 'उष्णकटिबंधीय' और 'शीतोष्ण कटिबंधीय' दोनों शब्द एक ही राज्य के लिए प्रयोग करती है (उत्तरी पट्टी के लिए शीतोष्ण)। इसलिए परीक्षा में प्रश्न के शब्द देखकर उत्तर चुनें।
ऋतुएँ: तीन भाग
पूरे भारत में चार ऋतुएँ मानी जाती हैं, पर छत्तीसगढ़ में मुख्यतः तीन।
| ऋतु | अवधि |
|---|---|
| ग्रीष्म | 16 फरवरी से 15 जून |
| वर्षा | 16 जून से 15 अक्टूबर |
| शीत | 16 अक्टूबर से 15 फरवरी |
ग्रीष्म ऋतु
- सबसे गर्म माह: मई। मई के उत्तरार्ध और जून के पूर्वार्ध में उष्ण-शुष्क हवाएँ 'लू' चलती हैं; ऊँचे भागों में लू का प्रकोप नहीं होता।
- सर्वाधिक गर्म स्थान: चांपा; सर्वाधिक गर्म ज़िला: रायगढ़। सर्वाधिक औसत तापमान रायगढ़, सक्ती और जांजगीर-चांपा के कुछ भागों में रहता है।
- वायुदाब: प्रदेश में निम्न; उच्च वायुदाब का केंद्र सागर और महासागरों में रहता है।
| शहर | मार्च का औसत तापमान | मई का औसत तापमान |
|---|---|---|
| रायपुर | 34.7°C | 42.3°C |
| रायगढ़ | 35.7°C | 42.8°C |
| जगदलपुर | 34.7°C | 38.3°C |
| अम्बिकापुर | 31.8°C | 39.6°C |
| चाम्पा | 35.3°C | 43°C |
सापेक्षिक आर्द्रता (ग्रीष्म): महानदी बेसिन 50.52%, दण्डकारण्य 30%, बघेलखण्ड 25%। वर्षा इस ऋतु में कम होती है; मूल पाठ में छत्तीसगढ़ 8-10 मिमी, बघेलखण्ड 73 मिमी और दण्डकारण्य 85 मिमी लिखा है। तीनों आँकड़े आपस में मेल नहीं खाते; इसे मूल पाठ की असंगति मानकर छपी संख्या ही याद रखें।
वर्षा ऋतु
- अवधि 16 जून से 15 अक्टूबर; मानसून का प्रवेश 10 से 15 जून के बीच।
- प्रदेश की औसत वार्षिक वर्षा का 90 प्रतिशत इसी अवधि में होता है; शेष 10 प्रतिशत 8 महीनों में। राज्य में सबसे अधिक वर्षा इसी ऋतु में।
- वर्षा का स्रोत दक्षिण-पश्चिम मानसून है, जो भारत की विशेष संरचना के कारण दो शाखाओं में बँटता है: बंगाल की खाड़ी शाखा और अरब सागर शाखा। छत्तीसगढ़ को खाड़ी शाखा से लगभग 90% और अरब सागर शाखा से 10% वर्षा मिलती है।
- जुलाई से सितम्बर का औसत तापांतर लगभग 6°C बताया गया है। सारणी में अधिकतम तापमान 30.24°C, निम्नतम 22.71°C और अंतर 7.53°C है। (छह और 7.53 का फर्क मूल पाठ में है।) अक्टूबर में तापमान लगभग 9-11°C लिखा है।
- आर्द्रता इस अवधि में सबसे अधिक; जुलाई, अगस्त, सितम्बर सर्वाधिक आर्द्र माह।
शीत ऋतु
| बिंदु | विवरण |
|---|---|
| अवधि | 16 अक्टूबर से 15 फरवरी |
| शीतकालीन वर्षा | पश्चिमी गर्तों (विक्षोभ) से |
| सर्वाधिक ठंडा स्थान / न्यूनतम औसत तापमान | अम्बिकापुर |
| औसतन अति निम्न ताप क्षेत्र | जशपुर क्षेत्र |
| अधिकतम औसत तापमान (क्षेत्र) | रायगढ़ |
| सर्वाधिक ठंडा माह | दिसम्बर |
| वायुदाब | प्रदेश में अधिकतम; सागरीय क्षेत्रों में निम्न, इसलिए हवाएँ स्थल से सागर की ओर |
| औसत तापमान | 28.92°C (औसत अधिकतम) और 12.6°C (औसत न्यूनतम) |
शीतकालीन आर्द्रता:
| क्षेत्र | आर्द्रता |
|---|---|
| महानदी बेसिन | 50-70 प्रतिशत |
| पूर्वी बघेलखण्ड | 65-70 प्रतिशत |
| दण्डकारण्य | 66-76 प्रतिशत |
| जशपुर | 68-78 प्रतिशत |
तुलना एवं संबंध
| आधार | ग्रीष्म | वर्षा | शीत |
|---|---|---|---|
| अवधि | 16 फ़र-15 जून | 16 जून-15 अक्टू | 16 अक्टू-15 फ़र |
| मुख्य बात | लू, कम वर्षा | 90% वर्षा | पश्चिमी गर्त से वर्षा |
| वायुदाब | प्रदेश में निम्न | — | प्रदेश में उच्च |
| चरम स्थान | चांपा / रायगढ़ | — | अम्बिकापुर / जशपुर |
कारण-परिणाम: कर्क रेखा से निकटता, गर्मी अधिक; समुद्र से दूरी, महाद्वीपीय स्वभाव; दो मानसूनी शाखाएँ, खाड़ी शाखा से 90% वर्षा।
याद रखने योग्य बिंदु
- राज्य में तीन ऋतुएँ: ग्रीष्म, वर्षा, शीत।
- सबसे गर्म माह मई, सबसे ठंडा माह दिसम्बर।
- सबसे गर्म स्थान चांपा, सबसे ठंडा अम्बिकापुर।
- मानसून प्रवेश 10 से 15 जून के बीच।
- 90% वर्षा वर्षा ऋतु में।
- खाड़ी शाखा से 90%, अरब सागर शाखा से 10% वर्षा।
- शीतकालीन वर्षा पश्चिमी गर्त से।
- कोपेन: दक्षिणी भाग उष्णकटिबंधीय नम पर्णपाती।
- औसत वार्षिक वर्षा 1300-1325 मिमी (कोष्ठक में 1200 मिमी भी छपा है)।
- ग्रीष्म आर्द्रता: महानदी बेसिन 50.52%, दण्डकारण्य 30%, बघेलखण्ड 25%।
स्मरण सूत्र
- 'ग्री-व-शी' यानी ग्रीष्म, वर्षा, शीत = 16 फ़र, 16 जून, 16 अक्टू: हर ऋतु 16 तारीख से शुरू।
- 'गर्म चांपा, ठंडा अम्बिका': चांपा सबसे गर्म, अम्बिकापुर सबसे ठंडा।
स्वयं जाँचें
- प्र. राज्य में कितनी ऋतुएँ मानी गई हैं? उ. तीन।
- प्र. वर्षा ऋतु की अवधि क्या है? उ. 16 जून से 15 अक्टूबर।
- प्र. शीतकालीन वर्षा किससे होती है? उ. पश्चिमी गर्तों से।
- प्र. सबसे गर्म माह कौन-सा है? उ. मई।
- प्र. खाड़ी शाखा से कितनी वर्षा मिलती है? उ. लगभग 90%।
- प्र. मई में चाम्पा का औसत तापमान क्या दिया है? उ. 43°C।
अभ्यास प्रश्न
छत्तीसगढ़ की जलवायु निम्नलिखित में से किस प्रकार की है?
- (A) शीतोष्ण कटिबंधीय
- (B) समशीतोष्ण
- (C) उष्णकटिबंधीय मानसूनी
- (D) गर्म शुष्क मानसूनी
छत्तीसगढ़ में अधिकतम वर्षा मानसून की किस शाखा से होती है?
- (A) अरब खाड़ी शाखा
- (B) बंगाल की खाड़ी शाखा
- (C) लौटता उत्तर-पूर्वी मानसून
- (D) उपरोक्त सभी से बराबर
छत्तीसगढ़ में अधिकांश वर्षा से होती है।
- (A) दक्षिण पूर्वी मानसून से
- (B) दक्षिणी पश्चिमी मानसून से
- (C) लौटते मानसून से
- (D) अरब सागर की शाखा से
छत्तीसगढ़ प्रदेश अपनी अधिकांश मानसूनी वर्षा प्राप्त करता है।
- (A) बंगाल की खाड़ी शाखा से
- (B) अरब सागरीय शाखा से
- (C) हिन्द महासागर की शाखा से
- (D) लौटते हुए मानसून से ।
छत्तीसगढ़ की जलवायु किस प्रकार की है?
- (A) आर्द्र
- (B) उष्ण
- (C) शुष्क उप-आर्द्र
- (D) अति आर्द्र
छत्तीसगढ़ में शीतकालीन वर्षा के लिए इनमें से कौन उत्तरदायी है?
- (A) पश्चिमी विक्षोभ
- (B) लौटता हुआ मानसून
- (C) दक्षिण-पश्चिम मानसून
- (D) दक्षिण-पूर्व मानसून
छत्तीसगढ़ राज्य का सबसे गर्म स्थान माना जाता है
- (A) रायपुर
- (B) दुर्ग
- (C) चांपा
- (D) सरगुजा
उत्तरमाला एवं व्याख्या
- (C) - छ.ग. में उष्णकटिबंधीय मानसूनी जलवायु है।
- (B) - लगभग 90% वर्षा बंगाल की खाड़ी शाखा से मिलती है।
- (B) - वर्षा का स्रोत दक्षिण-पश्चिम मानसून है।
- (A) - अधिकांश मानसूनी वर्षा खाड़ी शाखा से होती है।
- (C) - जलवायु को शुष्क उपार्द्र कहा गया है।
- (A) - शीतकालीन वर्षा पश्चिमी गर्तों (विक्षोभ) से होती है।
- (C) - सर्वाधिक गर्म स्थान चांपा है।