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छत्तीसगढ़ की लोक-संस्कृति, कला, साहित्य एवं खेल · Chapter 29
शैल चित्र (रॉक आर्ट) एवं प्रागैतिहासिक स्थल

शैल चित्र (रॉक आर्ट) एवं प्रागैतिहासिक स्थल

शैल चित्र चट्टानों और शैलाश्रयों में बने प्राचीन चित्र हैं। छत्तीसगढ़ में इनके स्थल कई जिलों में फैले हैं, जिनमें रायगढ़ सर्वप्रमुख है। परीक्षा में "कौन-सा स्थल किस जिले में है" और "वहाँ किस चित्र की विशेषता है" के रूप में प्रश्न आते हैं।

रायगढ़: शैलाश्रयों का गढ़

रायगढ़ जिले में सर्वाधिक शैलाश्रय हैं, इसलिए इसे "शैलाश्रयों का गढ़" कहा जाता है।

स्थलचित्रों की विशेषता
सिंघनपुरसीढ़ीनुमा पुरुष, मत्स्य-स्त्री, शिकार दृश्य
कबरा पहाड़कछुआ, बाइसन
बसनझारहाथी
ओंगना—
कर्मागढ़बहुरंगी चित्र
खैरपुरनृत्य दृश्य
बोतलदा—
भंवरखोलस्वस्तिक, भालू
नावागढ़ीसूर्य-चंद्र प्रतीक
सिरौली डोंगरीहथेली छाप

सूची में "आदि" लिखा है, अर्थात रायगढ़ में और भी स्थल हैं।

कांकेर के स्थल

स्थलविशेषता
उदकुड़ाहाथ-पैर के छाप
गाड़ागौरी—
खेरखेड़ा—
कान्हागांव—
गोटीटोलाराम-सीता-लक्ष्मण संबंधी दृश्य
सीता रामगुड़ा—
कुलगांव—

कोरिया तथा अन्य जिले

जिलास्थल / विशेषता
कोरियाघोड़सर, कोहबउर, मुरेलगढ़
दुर्गचितवा डोंगरी: चीनी आकृति/ड्रैगन, कृषि दृश्य
सरगुजासतालेखनी व रामगढ़
बस्तरलिमदरहा

तुलना एवं संबंध

चित्र/विषयस्थल
मत्स्य-स्त्री, सीढ़ीनुमा पुरुषसिंघनपुर (रायगढ़)
कछुआ, बाइसनकबरा पहाड़ (रायगढ़)
हाथीबसनझार (रायगढ़)
स्वस्तिक, भालूभंवरखोल (रायगढ़)
सूर्य-चंद्रनावागढ़ी (रायगढ़)
नृत्य दृश्यखैरपुर (रायगढ़)
हथेली छापसिरौली डोंगरी (रायगढ़)
हाथ-पैर के छापउदकुड़ा (कांकेर)
राम-सीता-लक्ष्मण संबंधी दृश्यगोटीटोला (कांकेर)
चीनी आकृति/ड्रैगनचितवा डोंगरी (दुर्ग)

हथेली के छाप रायगढ़ (सिरौली डोंगरी) में और हाथ-पैर के छाप कांकेर (उदकुड़ा) में बताए गए हैं; दोनों को न मिलाएँ।

याद रखने योग्य बिंदु

  • रायगढ़ में सर्वाधिक शैलाश्रय; उपनाम "शैलाश्रयों का गढ़"।
  • सिंघनपुर में सीढ़ीनुमा पुरुष, मत्स्य-स्त्री और शिकार दृश्य हैं।
  • कबरा पहाड़ में कछुआ और बाइसन के चित्र।
  • बसनझार का चित्र हाथी है।
  • कर्मागढ़ के चित्र बहुरंगी हैं।
  • खैरपुर में नृत्य दृश्य मिलता है।
  • भंवरखोल: स्वस्तिक और भालू।
  • नावागढ़ी: सूर्य-चंद्र प्रतीक।
  • कांकेर के गोटीटोला में राम-सीता-लक्ष्मण संबंधी दृश्य।
  • दुर्ग के चितवा डोंगरी में चीनी आकृति/ड्रैगन और कृषि दृश्य।
  • सतालेखनी व रामगढ़ सरगुजा में, लिमदरहा बस्तर में।

स्मरण सूत्र

रायगढ़ के चित्र: "सिंघ-मछली, कबरा-कछुआ, बसन-हाथी, भंवर-भालू।"

कांकेर: "उद-कुड़ा = हाथ-पैर; गोटी = राम।"

स्वयं जाँचें

  • प्रश्न: सर्वाधिक शैलाश्रय किस जिले में हैं? उत्तर: रायगढ़।
  • प्रश्न: मत्स्य-स्त्री का चित्र किस स्थल पर है? उत्तर: सिंघनपुर।
  • प्रश्न: कबरा पहाड़ में कौन-से जीव चित्रित हैं? उत्तर: कछुआ और बाइसन।
  • प्रश्न: चितवा डोंगरी किस जिले में है और क्या खास है? उत्तर: दुर्ग; चीनी आकृति/ड्रैगन और कृषि दृश्य।
  • प्रश्न: उदकुड़ा के चित्र किस प्रकार के हैं? उत्तर: हाथ-पैर के छाप (कांकेर)।
  • प्रश्न: लिमदरहा किस जिले में है? उत्तर: बस्तर।

अभ्यास प्रश्न

  1. छत्तीसगढ़ का प्रसिद्ध शैलाश्रय स्थल ‘खैरपुर’किस ज़िले में स्थित है?

    • (A) राजनांदगाँव
    • (B) रायगढ़
    • (C) जशपुर
    • (D) कोरिया
  2. प्रसिद्ध पुरातात्विक (सैल चित्र एवं गुफाएं) स्थल सिंघनपुर किस ज़िले में है?

    • (A) रायगढ़
    • (B) जांजगीर- चांपा
    • (C) सरगुजा
    • (D) जशपुर
  3. रायगढ़ जिले का सिंघनपुर किसलिए प्रसिध्द है?

    • (A) काष्ठ शिल्प
    • (B) मूर्तिकला
    • (C) कोसा शिल्प
    • (D) शैल चित्र
  4. छत्तीसगढ़ का प्रसिद्ध शैलाश्रय स्थल ‘बसनाझर’किस ज़िले में स्थित है?

    • (A) राजनांदगाँव
    • (B) रायगढ़
    • (C) जशपुर
    • (D) कोरिया
  5. छत्तीसगढ़ के किस ज़िले में ‘कबरा गुफा’स्थित है?

    • (A) बस्तर
    • (B) रायगढ़
    • (C) सरगुजा
    • (D) कोरबा

उत्तरमाला एवं व्याख्या

  1. (B) - खैरपुर (नृत्य दृश्य) रायगढ़ जिले का शैलाश्रय स्थल है।
  2. (A) - सिंघनपुर रायगढ़ का प्रमुख शैल चित्र स्थल है।
  3. (D) - सिंघनपुर में सीढ़ीनुमा पुरुष, मत्स्य-स्त्री, शिकार दृश्य के शैल चित्र हैं।
  4. (B) - बसनझार (हाथी का चित्र) रायगढ़ जिले में है।
  5. (B) - कबरा पहाड़ (कछुआ, बाइसन) रायगढ़ में है।
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